पुलिस टीम ने फर्जी प्राईवेट नर्सिंग होम संचालन कर्ता चिकित्सक को किया गिरफ्तार
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रिपोर्ट -राम चरित्र वर्मा
पचपेड़वा बलरामपुर। दिनांक 7.08.25025 कार्यालय अधीक्षक सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पचपेडवा जनपद बलरामपुर पत्रांकः- अपंजीकृत,प्राइवेट हास्पिटल, निरीक्षक,2025-26 को प्राप्त प्रार्थना-पत्र के आधार पर कि दिनांक 27.7.2025 को जूडीकुइंया चौराहा मीशा नर्सिंग होम का निरीक्षण किया गया निरीक्षण के दौरान पाया गया कि बिना किसी पंजीकरण के नर्सिंग होम का संचालन किया जा रहा था। और बिना किसी मानक के उक्त नर्सिंग होम में गर्भवती महिलाओं का प्रसव हेतु आपरेशन भी किया जा रहा था । मौके पर रहीमुननिशा पत्नी अब्दुल वदूद ग्राम लौकहवा थाना पचपेडवा जनपद बलरामपुर के आपरेशन के पश्चात रहीमुननिशा और बच्चे की मृत्यु हो गयी इसके पश्चात मीशा नर्सिंग होम से डा0 कृष्ण मोहन चौधरी और पूनम चौधरी मौके पर मृतक जच्चा-बच्चा को छोडकर फरार हो गये। जिसके सम्बन्ध में थाना स्थानीय पर मु0अ0सं0 151/2025 धारा 105/352/351(3) बीएनएस व 34(1),34(2) राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग अधिनियम 2019 पंजीकृत कर विवेचना शुरु की गयी। पुलिस अधीक्षक बलरामपुर विकास कुमार द्वारा घटना के अनावरण हेतु दिये गये आवश्यक दिशा निर्देश के क्रम में प्रभारी थाना पचपेड़वा ओम प्रकाश चौहान के नेतृत्व मे आज दिनांक- 08.08.2025 को थाना स्थानीय पर पंजीकृत मु0अ0सं0 151/2025 धारा 105/352/351(3) बीएनएस व 34(1),34(2) राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग अधिनियम 2019 से सम्बन्धित वांछित अभियुक्त डा0 कृष्ण मोहन चौधरी पुत्र राम अचल चौधरी निवासी ग्राम जिगना बसहवा मश0 सकलदा थाना पचपेड़वा जनपद बलरामपुर को भाथर पुल के पास से गिरफ्तार कर न्यायालय रवाना किया गया।पूछताछ पर अभियुक्त द्वारा बताया गया कि साहब मैं और मेरी पत्नी पूनम चौधरी पेशे से डॉक्टर है। तथा BUMS की डिग्री धारक हैं। हम दोनो मिलकर बिना रजिस्ट्रेशन का जुडीकुईया चौराहा थाना पचपेड़वा जनपद बलरामपुर में मिशा हेल्थ केयर सेंटर के नाम से नर्सिंग होम, क्लीनिक चलाते हैं। जहां पर मरीजो का दवा व इलाज करते हैं। गर्भवती महिलाओं को बाहर से डॉक्टर बुलाकर साथ में मिलकर प्रसव भी कराते हैं। दिनांक 27.07.2025 को रहिमुनिशा पत्नी अब्दुल बदूद निवासी ग्राम धवाई थाना पचपेड़वा जनपद बलरामपुर को प्रसव हेतु लाया गया था। काफी प्रयास के बाद भी नार्मल प्रसव नहीं हो सका।आपरेशन से डिलीवरी कराने के दौरान रहिमुनिशा का काफी रक्तस्राव होने लगा ऑपरेशन थिएटर में सुविधा एवं उपकरणों तथा दावाओ की कमी के कारण रक्तस्राव को रोक नहीं सके जिसके रहिमुनिशा तथा उसके बच्चे को बचा नहीं सके। ऑपरेशन थिएटर में ही हम लोगों के लापरवाही के कारण दोनों की मौत हो गई तो हम लोगों ने धीरे-धीरे एक-एक करके अस्पताल, क्लीनिक छोड़कर भाग गए थे।