आदि शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती महाराज के बलरामपुर पर युवा वार अध्यक्ष ने किया जोरदार स्वागत
रिपोर्ट – ब्यूरो बलरामपुर
आदि शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती महाराज के बलरामपुर पर गौ माता को राज्य माता घोषित कराने की उठाई आवाज
बलरामपुर। आदि शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती महाराज के बलरामपुर आगमन के दौरान उन्होंने प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल उठाए हैं। युवा बार अध्यक्ष मृगेंद्र उपाध्याय की अध्यक्षता में आरआर पैलेस बलरामपुर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान स्वामी जी ने कहा कि उनका आगमन गौ माता को राज्य माता घोषित कराने के उद्देश्य से हुआ है।उन्होंने आरोप लगाया कि यदि सरकार वास्तव में गौ माता को राज्य माता घोषित करने के लिए गंभीर है तो संतों और श्रद्धालुओं के सम्मान तथा आवश्यक व्यवस्थाओं का भी ध्यान रखा जाना चाहिए।स्वामी जी ने कहा कि उन्हें और उनके साथ आए संतों को अपेक्षित सहयोग एवं सम्मान नहीं मिला।उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि राज्य माता घोषित करने के नाम पर केवल घोषणाएं हों और धरातल पर कोई व्यवस्था न हो, तो इसका विरोध किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह केवल उनके व्यक्तिगत सम्मान का विषय नहीं, बल्कि सनातन परंपरा और संत समाज के सम्मान से जुड़ा मुद्दा है।कार्यक्रम के दौरान मौजूद लोगों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति भगवान को अपमानित करेगा या सनातन धर्म की मान्यताओं का अनादर करेगा, उसका समाज विरोध करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि संत समाज किसी प्रकार का अपमान सहन नहीं करेगा और आवश्यकता पड़ने पर लोकतांत्रिक तरीके से अपना विरोध दर्ज कराएगा।स्वामी जी ने कार्यक्रम में उपस्थित श्रद्धालुओं से सनातन धर्म की रक्षा और सामाजिक एकता बनाए रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि धार्मिक आस्था और परंपराओं का सम्मान करना प्रत्येक नागरिक और प्रशासन की जिम्मेदारी है।इस अवसर पर युवा बार अध्यक्ष मृगेंद्र उपाध्याय, राम प्रकाश मिश्र, रामानंद मिश्र, परमानंद मिश्र, सत्यवान मिश्र, रामबदल तिवारी, हरिराम पाठक, अनिल सिंह, राजकुमार गुप्ता, भारतेंद्र मिश्र, आशीष मिश्रा, पंकज मुरारी तथा बड़ी संख्या में श्रद्धालु और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।