अयोध्या के हिमांशु मौर्य का अमेरिका में चयन, जॉर्जिया टेक–एमोरी में PhD के लिए मिला प्रवेश
रिपोर्ट – ब्यूरो स्कन्द दास
अयोध्यांचल के सपूत को अंतरराष्ट्रीय सफलता, 40 लाख की वार्षिक छात्रवृत्ति के साथ मिला अवसर
हिमांशु मौर्य बने क्षेत्र का गौरव, बायोमेडिकल इंजीनियरिंग में करेंगे शोध
ग्राम हैदराबाद के हिमांशु का कमाल, अमेरिका के प्रतिष्ठित संस्थानों में मिला शोध का अवसर
अयोध्या। अयोध्या जनपद के लिए पूरे जिले का मान बढ़ाने वाला एक अत्यंत सुखद और गौरवपूर्ण क्षण है। क्षेत्र के प्रतिभाशाली युवा हिमांशु मौर्य, जो ग्राम हैदराबाद, जलालपुर (जनपद अम्बेडकरनगर) के मूल निवासी हैं, को अमेरिका के प्रतिष्ठित संस्थानों जॉर्जिया टेक और एमोरी विश्वविद्यालय, अटलांटा (जार्जिया) के बायोमेडिकल इंजीनियरिंग विभाग में फॉल 2026 सत्र से डॉक्टर ऑफ फिलॉसफी (Ph.D.) कार्यक्रम में प्रवेश हेतु प्रस्ताव प्राप्त हुआ है। इस प्रस्ताव के तहत हिमांशु मौर्य को प्रख्यात वैज्ञानिक डॉ. अनंत मदाभूषि की लैब में ग्रेजुएट रिसर्च असिस्टेंट (GRA) के रूप में चयनित किया गया है। इसके साथ ही उन्हें पूर्ण वित्तीय सहायता भी प्रदान की जाएगी। यह सहायता एमोरी यूनिवर्सिटी और Emory Unite–SEIU के बीच हुए सामूहिक समझौते के अनुरूप दी जा रही है। इस प्रतिष्ठित मेधापोषण-वृत्ति के अंतर्गत शैक्षणिक वर्ष 2025–2026 के लिए हिमांशु को 42,000 अमेरिकी डॉलर (लगभग 40 लाख रुपये) वार्षिक छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी, जो 31 अगस्त 2026 से प्रति माह 3,500 डॉलर की किश्तों में दी जाएगी l उल्लेखनीय है कि हिमांशु मौर्य के अब तक अंतरराष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित शोध जर्नलों में 7 शोधपत्र प्रकाशित हो चुके हैं, जो उनकी अकादमिक उत्कृष्टता को दर्शाते हैं। पारिवारिक पृष्ठभूमि की बात करें तो उनके पितामह श्री राजदेव मौर्य एक पारंपरिक कृषक हैं, जबकि उनके पिता श्री रामाज्ञा मौर्य भारत सरकार के केंद्रीय सचिवालय सेवा में दिल्ली में कार्यरत हैं। वे हाल ही में भारत सरकार के 16वें वित्त आयोग के अध्यक्ष डॉ. अरविंद पानगढ़िया के निजी सचिव के रूप में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं। हिमांशु मौर्य की यह उपलब्धि न केवल उनके परिवार, बल्कि पूरे अयोध्या एवं सरयू क्षेत्र के लिए गर्व और सम्मान का विषय है। उनकी इस सफलता पर क्षेत्र में हर्ष का माहौल है और उन्हें ढेरों बधाइयां दी जा रही हैं।