मृतक कोटेदार के आश्रित को दो साल से नहीं मिला न्याय
रिपोर्ट – ब्यूरो बलरामपुर
उचित मूल्य की दुकान के आवंटन में अनियमितता का आरोप, राज्य मंत्री से निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग
बलरामपुर। रेहरा बाजार ग्राम सभा अलाउद्दीनपुर में मृतक उचित मूल्य विक्रेता के आश्रित को नियमानुसार दुकान का आवंटन नहीं होने और प्रकरण करीब दो वर्षों से लंबित रहने का मामला सामने आया है। मामले में भाजपा जिला मीडिया प्रभारी डीपी सिंह बैस ने खाद्य एवं रसद तथा नागरिक आपूर्ति विभाग के राज्य मंत्री सतीश शर्मा से निष्पक्ष जांच कराकर दोषी अधिकारियों और संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।बताया गया कि ग्राम सभा अलाउद्दीनपुर की उचित मूल्य विक्रेता रामपता का 29 मई 2024 को निधन हो गया था। इसके बाद उनके पुत्र राहुल ने मृतक आश्रित के रूप में उचित मूल्य की दुकान के आवंटन के लिए संबंधित विभाग में आवेदन किया।
आरोप है कि राहुल को नियमानुसार प्रक्रिया की जानकारी देने के बजाय गुमराह किया गया। साथ ही ग्राम प्रधान के भतीजे अकमल के पक्ष में उचित मूल्य की दुकान का प्रस्ताव कराने का प्रयास किए जाने का भी आरोप लगाया गया है।मामले को गंभीरता से लेते हुए उतरौला विधायक राम प्रताप वर्मा के अनुरोध पर तत्कालीन जिलाधिकारी पवन अग्रवाल ने जांच के निर्देश दिए थे। जांच की जिम्मेदारी अपर जिलाधिकारी प्रदीप कुमार को सौंपी गई थी। जांच के दौरान मृतका के परिवार के सदस्यों के बयान दर्ज किए गए और संबंधित अभिलेखों का परीक्षण किया गया।जांच के दौरान लेखपाल द्वारा पोर्टल का परीक्षण किए जाने पर राहुल का नाम कोटेदार के रूप में प्रदर्शित होने की जानकारी सामने आने की बात कही गई। जांच के बाद मृतक आश्रित के पक्ष में नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे। इसके बाद वर्तमान जिलाधिकारी स्तर से भी प्रकरण के निस्तारण के संबंध में निर्देश दिए जाने की बात सामने आई।
इसके बावजूद आरोप है कि संबंधित सप्लाई इंस्पेक्टर मनमंत लाल गुप्ता और ग्राम प्रधान द्वारा मामले का अब तक अंतिम निस्तारण नहीं किया गया। पीड़ित पक्ष का कहना है कि अलग-अलग प्रक्रियाओं के नाम पर प्रकरण को लगातार लंबित रखा जा रहा है।कभी उचित मूल्य की दुकान के चयन के लिए खुली बैठक कराए जाने और बाद में उसे निरस्त करने, तो कभी स्वयं सहायता समूह के माध्यम से चयन प्रक्रिया शुरू कर उसे निरस्त करने का आरोप लगाया गया है। इसके चलते करीब दो वर्षों से मामला लंबित है और मृतक आश्रित राहुल को न्याय के लिए अधिकारियों के कार्यालयों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।डीपी सिंह बैस ने राज्य मंत्री सतीश शर्मा से पूरे मामले का उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष परीक्षण कराकर दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों व संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई तथा मृतक आश्रित राहुल को नियमानुसार उचित मूल्य की दुकान आवंटित कराने की मांग की है।